जब जब मैने हसना चाहा तब तब मुजे रोना आया .
हां मेरी जा तुम मेरी और में तुम्हारा हो ना पाया.
क्या क्या देखे थे हँसी सपने हमने .
पूरा होके रहेगा ये भी कहा था तुमने .
लेकिन फिर ना जाने क्या ऐसी बात हुई .
आखिर तक हमने जो चाहा था हो ना पाया.
क्या क्या नहीं मिला मुझे जिंदगीसे
लेकिन जो चाहा था वो ना पाया .
"अनंत"
हां मेरी जा तुम मेरी और में तुम्हारा हो ना पाया.
क्या क्या देखे थे हँसी सपने हमने .
पूरा होके रहेगा ये भी कहा था तुमने .
लेकिन फिर ना जाने क्या ऐसी बात हुई .
आखिर तक हमने जो चाहा था हो ना पाया.
क्या क्या नहीं मिला मुझे जिंदगीसे
लेकिन जो चाहा था वो ना पाया .
"अनंत"
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