“અનંત કાળથી ભટકતો અજ્ઞાની” ખંડેર
"અનંત" કાળથી ભટકતો "અજ્ઞાની"
Thursday, 7 March 2024
આખરે વાત એકજ છે..!
संसार से भागे फीरते हो।
भगवान को तुम क्या पाओगे।
जाओ रे जोगी तुम जाओ रे,
ये हे प्रेमीओ की नगरी
यहां प्रेम ही हे पुजा।
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