है दुनिया उसीकी जमाना उसीका......
मोहब्बत में जो हो गया हो किसीका.....
लुटा जो मुसाफिर दिलके सफ़र में.....
हे जन्नत हैं ये दुनिया उसकी नज़र में.....
उसीने ही लुटा मजा जिन्दगीका....
महोबतमेजो हो गया हो किसीका ......
है दुनिया उसीकी जमाना उसीका......
हैं सजदेके काबिल हर वो दीवाना...
की जो बन गया हो तस्वीरे जाना.....
करो ऐतराम उसकी दीवानगिका.....
महोबतमेजो हो गया हो किसीका ......
है दुनिया उसीकी जमाना उसीका......
बरबाद होना जिसकी अदा हो.....
दर्दे महोबत जिसकी दवा हो....
सतायेगा क्या गम उसे जिन्दगीका.....
मोहब्बत में जो हो गया हो किसीका.....
है दुनिया उसीकी जमाना उसीका......
मोहब्बत में जो हो गया हो किसीका...
"
मोहब्बत में जो हो गया हो किसीका.....
लुटा जो मुसाफिर दिलके सफ़र में.....
हे जन्नत हैं ये दुनिया उसकी नज़र में.....
उसीने ही लुटा मजा जिन्दगीका....
महोबतमेजो हो गया हो किसीका ......
है दुनिया उसीकी जमाना उसीका......
हैं सजदेके काबिल हर वो दीवाना...
की जो बन गया हो तस्वीरे जाना.....
करो ऐतराम उसकी दीवानगिका.....
महोबतमेजो हो गया हो किसीका ......
है दुनिया उसीकी जमाना उसीका......
बरबाद होना जिसकी अदा हो.....
दर्दे महोबत जिसकी दवा हो....
सतायेगा क्या गम उसे जिन्दगीका.....
मोहब्बत में जो हो गया हो किसीका.....
है दुनिया उसीकी जमाना उसीका......
मोहब्बत में जो हो गया हो किसीका...
No comments:
Post a Comment